मुसलमान सुअर का मांस आखिर क्यूँ नही खाते , वजह जानकार हैरान होजओगे आप

16,898

दुनिया के मशहूरों धर्मों में से एक इस्लाम भी है। इसे अपनाने वालों की संख्या के मुताबिक यह विश्व का दूसरा सबसे बड़ा धर्म है।

loading...

इस्लाम की पवित्र कुरान में कई आयतें और सूरतें होती हैं, जो दुनिया भर में अपनाई जाती हैं।

हर धर्म में कुछ न कुछ खाने पर पाबंदी है और इस्लाम धर्म मे सुअर का मांस खाने की मनाही है।

सरकारी नौकरियां यहाँ देख सकते हैं :-

सरकारी नौकरी करने के लिए बंपर मौका 8वीं 10वीं 12वीं पास कर सकते हैं आवेदन

1000 से भी ज्यादा रेलवे की सभी नौकरियों की सही जानकारी पाने के लिए यहाँ क्लिक करें

इस्लाम धर्म मे ऐसे किसी भी जानवर का सेवन करना वर्जित है जो हलाल या जिंबा न किया गया हो।

इसे केवल एक आपात स्तिथि में वैध माना जा सकता है, जब कोई व्यक्ति भुखमरी का शिकार हो

।सुअर एक ऐसा प्राणी है जिसे पसीना नही आता जिसकी वजह से उसका शरीर ज्यादा विषैल हो जाता है

और अपने आप को ठंडा करने के लिए ये जानवर कीचड़ में बैठा रहता है।

इस्लाम मे गंदगी को बहुत ज्यादा न पसंद किया गया है

और ऐसी चीजो से भी दूर रहने का हुक्म दिया गया है जो गंदी हो।

हम इस बात से अच्छे से वाकिफ है कि सुअर एक गंदा जानवर होता है

इसलिए इसका मांस खाने की मनाही है।

why muslims don't eat pig meat , reason read here , सुअर
इसका मांस खाने से कम से कम 70 विभिन्न रोग लग सकते है।

टीनिया सोलीयम एक बहुत ही प्रचलित टेप वॉर्म है जो कि सुअर के मांस में पाया जाता है

और इसको खाने से ये परजीवी मानव शरीर में जाकर मस्तिष्क, फेफड़े, दिल आंख और नाक जैसे अंगों को नुकसान पहुंचा सकता है।

Leave a Reply

This site uses Akismet to reduce spam. Learn how your comment data is processed.